Breaking News

ओम नम: शिवाय के अखंड जाप से मनोकामनाएं पूर्ण होती हैं- कैलाश मंथन

ओम नम: शिवाय के अखंड जाप से मनोकामनाएं पूर्ण होती हैं- कैलाश मंथन

शिव की भक्ति से प्राप्त होती है सुख-समृद्धि और मानसिक शांति-कैलाश मंथन*

विराट हिंदू उत्सव समिति के तहत प्राचीन  शिवालयों मंदिरों में नाम संकीर्तन मंत्र जाप किए गए

महाशिवरात्रि पर 108 शिव मंदिरों में हुआ रुद्राभिषेक एवं ओम नमः शिवाय का जाप


गुना। विराट हिंदु उत्सव  समिति ,नारी शक्ति चिंतन मंच के तहत प्राचीन शिवालयों एवं मंदिरों में रुद्राभिषेक एवं ओम नमः शिवाय महामंत्र के अखंड नाम जप एवं संकीर्तन के कार्यक्रम आयोजित किए गए। विराट हिउस प्रमुख कैलाश मंथन ने महाशिवरात्रि के पर्व के अवसर आयोजित नाम जप संकीर्तन के दौरान विचार व्यक्त करते हुए कहा कि कलियुग में केवल भगवान शिव महाकाल की भक्ति एवं नाम जप से कल्याण की प्राप्ति होने के साथ सुख-समृद्धि एवं मानसिक शांति प्राप्त होती है। ओम नम: शिवाय के अखंड जाप से मनोकामनाएं पूर्ण होती हैं। हिउस के तहत 108 शिव मंदिरों में भगवन्नाम जप अभियान एवं महारूद्राभिषेक के महत्वपूर्ण कार्यक्रम संपन्न हुए।  नाम जप कार्यक्रम में आम जनता में भारी उत्साह देखने को मिला।बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं ने केदारनाथ सहित अन्य धार्मिक स्थलों पर पहुंचकर शिवालयों में भगवान भोलेनाथ का संकीर्तन अर्चना एवं रूद्राभिषेक किया ।महाशिवरात्रि पर्व पर अंचल के प्राचीन शिवालयों एवं शिव मंदिरों में में आस्था का जनसैलाब उमड़ा। विराट हिन्दू उत्सव समिति के अध्यक्ष कैलाश मंथन के मुताबिक शिवरात्रि पर्व पर प्रात: काल तड़के से ही समिति के तहत शिव मंदिरों में रूद्राभिषेक एवं ओम नम: शिवाय महामंत्र के अखंड जाप शुरू हुए। केदारनाथ धाम, मालपुर सहित प्रमुख शिवालयों में  श्रद्धा भक्ति पूर्वक भगवान भोलेनाथ की पूजा अर्चना एवं संकीर्तन के आयोजन हुए।महाशिवरात्रि पर विराट हिंदू उत्सव समिति चिंतन मंच के तहत संतों का सम्मान किया गया।चिंतन मंच एवं हिंदू उत्सव समिति के तहत केदारनाथ धाम सहित प्रमुख शिव मंदिरों में महंतों, पुजारियों एवं प्रमुख धार्मिक कार्यकर्ताओं का सम्मान हिउस प्रमुख कैलाश मंथन ने किया। इस अवसर पर आयोजित कार्यक्रम में कैलाश मंथन ने कहा कि कलियुग में कल्याण प्राप्ति का एकमात्र साधन है भगवान का नाम जाप। शिव की आराधना से कल्याण की प्राप्ति होती है। ओम नम: शिवाय कल्याणकारी महामंत्र है सबसे जल्द प्रसन्न होने वाले देव हैं महादेव। ऐसे समय में जब धर्म में पाखंडवाद पनप रहा है लोग कर्मकांड के नाम पर ठगे जा रहे हैं आम जनता के लिए नाम जप सहज सुलभ रास्ता है। भोलेनाथ की भक्ति में श्रद्धा सुमन के साथ उनके महामंत्र ओम नम: शिवाय का जाप सरल साधन है। इस  अवसर पर श्रीमद् भगवद् गीता की निशुल्क प्रतियां वितरित की गई साथ ही मुहालपुर सिद्धेश्वर गुफाओं एवं केदारनाथ में हुए भंडारों में बड़ी संख्या में लोगों ने महाप्रसादी ग्रहण की।

कोई टिप्पणी नहीं